किसी दूसरे के जीवन के साथ पूर्ण रूप से जीने से अच्छा हैं

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किसी दूसरे के जीवन के साथ पूर्ण रूप से जीने से अच्छा हैं 
की हम अपने स्वंय के भाग्य के अनुसार अपूर्ण जियें। 

~ भगवान श्री कृष्ण ╭∩╮(-_-)╭∩╮

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